Best Places To Visit In Haridwar-हरिद्वार में घूमने के प्रमुख स्थान
Piyush Kumar April 8, 2026 0
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हरिद्वार उत्तराखंड राज्य में स्थित एक प्राचीन और पवित्र शहर है, जिसे भारत के सात पवित्र नगरों में गिना जाता है। यह शहर गंगा नदी के तट पर बसा हुआ है और हिंदू धर्म में इसका विशेष धार्मिक महत्व है।
हरिद्वार न केवल एक तीर्थ स्थल है, बल्कि यह कई प्रमुख पूजा स्थलों का प्रवेश द्वार भी माना जाता है। यहाँ हर 12 वर्ष में कुंभ मेले का भव्य आयोजन होता है, जिसमें देश–विदेश से लाखों श्रद्धालु शामिल होते हैं।
सावन माह के दौरान भी हरिद्वार में विशेष रौनक देखने को मिलती है, जब बड़ी संख्या में कांवड़िये गंगा जल लेने के लिए यहाँ पहुंचते हैं। धार्मिक आस्था, संस्कृति और परंपराओं से भरपूर हरिद्वार श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए एक प्रमुख आकर्षण का केंद्र है।
हरिद्वार जाने का उचित समय (Best time to visit Haridwar)
हरिद्वार घूमने का सबसे अच्छा समय अक्टूबर से फरवरी के बीच माना जाता है। इस दौरान मौसम सुहावना और ठंडा रहता है, जिससे यात्रा आरामदायक बनती है।
यदि आप धार्मिक दृष्टि से यात्रा करना चाहते हैं, तो सावन महीने (जुलाई) में आयोजित कांवड़ यात्रा के समय यहाँ आना विशेष अनुभव देता है। इसके अलावा, अक्टूबर–नवंबर में दिवाली के दौरान भी हरिद्वार का वातावरण बेहद आकर्षक और आध्यात्मिक होता है, जब यहाँ विशेष पूजा और उत्सव मनाए जाते हैं।
हरिद्वार में घूमने के जगह (Top places to visit in haridwar)
गंगा आरती (Ganga aarti at Hari ki paudi)
हरिद्वार में गंगा आरती पवित्र गंगा नदी के तट पर हर की पौड़ी घाट पर आयोजित की जाती है। यह एक दिव्य और आध्यात्मिक अनुभव होता है, जहाँ पुजारी दीपों की ज्योति, मंत्रोच्चार और घंटियों की ध्वनि के साथ माँ गंगा की आराधना करते हैं।
यह दृश्य प्रकाश और ध्वनि का अद्भुत संगम होता है, जो श्रद्धालुओं और पर्यटकों को गहरी आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करता है। हरिद्वार में गंगा आरती दिन में दो बार—सूर्योदय और सूर्यास्त के समय—की जाती है, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग एकत्रित होते हैं।
आरती का समय (Har Ki Pauri):
सुबह – 5:00 बजे से 6:30 बजे तक
शाम – 6:30 बजे से 8:00 बजे तक
चंडी देवी मंदिर (Chandi devi temple)
चंडी देवी मंदिर हरिद्वार के प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है। यह मंदिर शिवालिक पहाड़ियों के पूर्वी शिखर, नील पर्वत पर स्थित है, जहाँ से आसपास का सुंदर दृश्य देखने को मिलता है।
मंदिर तक पहुँचने के लिए रोपवे की सुविधा उपलब्ध है, जो यात्रा को आसान और रोचक बनाती है। इसके अलावा, श्रद्धालु पैदल मार्ग से भी मंदिर तक पहुँच सकते हैं। यह क्षेत्र लगभग 4–5 किलोमीटर तक फैला हुआ है।
नवरात्रि और कुंभ मेले के दौरान यहाँ विशेष उत्सव और भीड़ देखने को मिलती है, जब बड़ी संख्या में भक्त दर्शन के लिए आते हैं।
समय – सुबह 7:30 बजे से शाम 7:30 बजे तक
शांति कुंज (Shanti Kunj, Haridwar)
शांतिकुंज हरिद्वार का एक प्रमुख आध्यात्मिक और धार्मिक केंद्र है, जहाँ लोग प्रशिक्षण शिविरों, साधना और धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लेने के लिए आते हैं। यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं के ठहरने की भी व्यवस्था की जाती है।
इस आश्रम में यज्ञशाला, गायत्री माता मंदिर, अखंड दीप, प्राचीन ऋषियों के मंदिर और दिव्य संस्कृति से जुड़ी प्रदर्शनी देखने को मिलती है। यह स्थान आध्यात्मिक शांति और आत्मिक विकास के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध है।
यहाँ प्रवेश के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाता है, जिससे हर व्यक्ति आसानी से यहाँ आ सकता है।
समय – सुबह 9:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक
फन वैली हरिद्वार
फन वैली हरिद्वार के पास स्थित एक लोकप्रिय वाटर पार्क है, जो परिवार और दोस्तों के साथ मनोरंजन के लिए एक शानदार जगह है। यह पार्क देहरादून–हरिद्वार मार्ग पर स्थित है और दोनों शहरों से लगभग 30 किलोमीटर की दूरी पर है।
यहाँ विभिन्न प्रकार की वाटर राइड्स, स्लाइड्स और मनोरंजन की सुविधाएँ उपलब्ध हैं, जो बच्चों और बड़ों दोनों के लिए आकर्षण का केंद्र हैं। गर्मियों के मौसम में यह जगह खास तौर पर घूमने के लिए उपयुक्त मानी जाती है।
समय – सुबह 9:00 बजे से शाम 7:00 बजे तक
माया देवी मंदिर (Maya devi temple, Haridwar)
माया देवी मंदिर हरिद्वार का एक प्राचीन और प्रसिद्ध हिंदू मंदिर है। मान्यता है कि यहाँ देवी सती के नाभि और हृदय के अंग गिरे थे, जिसके कारण यह स्थान शक्तिपीठों में महत्वपूर्ण माना जाता है।
यह मंदिर शहर के प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है और रेलवे स्टेशन से लगभग 600 मीटर की दूरी पर स्थित है, जिससे यहाँ पहुँचना काफी आसान है।
नवरात्रि और कुंभ मेले के दौरान यहाँ विशेष भीड़ और धार्मिक उत्साह देखने को मिलता है, हालांकि श्रद्धालु वर्ष भर कभी भी यहाँ दर्शन के लिए आ सकते हैं।
समय – सुबह 6:00 बजे से 12:00 बजे तक
शाम – 3:00 बजे से 9:00 बजे तक
स्वामी विवेकानंद पार्क (Swami vivekanand park< haridwar)
स्वामी विवेकानंद पार्क हरिद्वार का एक सुंदर और शांत स्थान है, जो अपने त्रिकोणीय आकार और हरियाली के लिए जाना जाता है। इस पार्क में हरे-भरे लॉन, रंग-बिरंगे फूलों की क्यारियाँ और स्वामी विवेकानंद जी की एक विशाल प्रतिमा स्थापित है, जो आकर्षण का मुख्य केंद्र है।
यह पार्क गंगा नदी के तट के पास स्थित है, जिससे यहाँ का वातावरण और भी मनमोहक हो जाता है। पिकनिक और सैर के लिए यह एक बेहतरीन जगह है, जहाँ परिवार और मित्रों के साथ सुकून भरे पल बिताए जा सकते हैं।
यहाँ प्रवेश के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाता है।
समय – सुबह 9:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक
मनसा देवी मंदिर (Mansa devi temple, Haridwar)
भारत माता मंदिर (Bharat mata temple, Haridwar)
भारत माता मंदिर हरिद्वार का एक अनोखा और भव्य मंदिर है, जो पूरे भारत देश को समर्पित है। यह मंदिर 7 मंजिला इमारत के रूप में बना हुआ है, जहाँ प्रत्येक मंजिल की अपनी अलग विशेषता और धार्मिक महत्व है।
मंदिर की मंजिलों का विवरण इस प्रकार है –
- सातवीं मंजिल – भगवान शिव को समर्पित, जहाँ उनके विभिन्न रूपों के दर्शन होते हैं।
- छठी मंजिल – भगवान विष्णु को समर्पित, जहाँ उनके अवतारों को दर्शाया गया है।
- पाँचवीं मंजिल – माँ दुर्गा का मंदिर, जहाँ देवी के अलग-अलग स्वरूप देखने को मिलते हैं।
- चौथी मंजिल – भारत के विभिन्न राज्यों की संस्कृति और विशेषताओं को दर्शाया गया है।
- तीसरी मंजिल – देश के महान संतों और महापुरुषों को समर्पित है।
- दूसरी मंजिल – मातृ मंदिर, जहाँ पूजनीय संतों की प्रतिमाएँ स्थापित हैं।
- पहली मंजिल – शूर मंदिर, जिसमें स्वतंत्रता संग्राम में योगदान देने वाले वीरों की प्रतिमाएँ स्थापित हैं।
यह मंदिर न केवल धार्मिक, बल्कि सांस्कृतिक और देशभक्ति की भावना को भी दर्शाता है, जिससे यह हरिद्वार आने वाले पर्यटकों के लिए एक खास आकर्षण बन जाता है।
गौ घाट (Gau ghat, Haridwar)
गौ घाट हरिद्वार का एक शांत, स्वच्छ और सुंदर गंगा घाट है, जो प्राकृतिक वातावरण के बीच स्थित है। यह स्थान विशेष रूप से गौहत्या के पाप से मुक्ति और अपने प्रियजनों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करने के लिए जाना जाता है।
घाट के आसपास हरियाली से घिरा वातावरण और कई प्राचीन मंदिर स्थित हैं, जहाँ श्रद्धालु दर्शन के लिए जा सकते हैं। यह स्थान शांति और आध्यात्मिक अनुभव के लिए उपयुक्त माना जाता है।
हरिद्वार कैसे पहुँचे (How to Reach Haridwar)
हरिद्वार भारत का एक प्रमुख तीर्थ स्थल है, जहाँ देश के लगभग हर हिस्से से आसानी से पहुँचा जा सकता है। यहाँ पहुँचने के लिए सड़क, रेल और हवाई—तीनों सुविधाएँ उपलब्ध हैं।
- सड़क मार्ग से – हरिद्वार देश के कई प्रमुख शहरों से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है। आप बस, टैक्सी या अपने निजी वाहन से आसानी से यहाँ पहुँच सकते हैं।
- रेल मार्ग से – हरिद्वार रेलवे स्टेशन भारत के प्रमुख रेलवे नेटवर्क से जुड़ा हुआ है, जिससे दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, लखनऊ जैसे शहरों से सीधी ट्रेनें उपलब्ध हैं।
- हवाई मार्ग से – हरिद्वार का निकटतम हवाई अड्डा देहरादून का जॉली ग्रांट एयरपोर्ट है, जो यहाँ से लगभग 35 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। एयरपोर्ट से आप टैक्सी या बस के माध्यम से हरिद्वार पहुँच सकते हैं।
इस प्रकार, हरिद्वार तक पहुँचना यात्रियों के लिए काफी सरल और सुविधाजनक है।
हवाई जहाज से (How to Reach Haridwar by Air)
डायरेक्ट हरिद्वार पहुंचने के लिए फ्लाइट की सुविधा नहीं है लेकिन उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एयरपोर्ट की सुविधा उपलब्ध करायी गयी है जो हरिद्वार शहर से करीब 40 किमी की दूरी पर स्थित है । देहरादून में स्थित जाली ग्रांट एयरपोर्ट दिल्ली, जयपुर, चंडीगढ़ वाराणसी और अन्य कई शहरो से जुड़ा हुआ है देहरादून एयरपोर्ट से हरिद्वार के बीच आपको बहुत सारे टैक्सी आते जाते मिल जाएगी ।
ट्रेन से (How to Reach Haridwar by Train)
हरिद्वार में आपको काफी बड़ा रेलवे-स्टेशन देखने को मिल जाएगा जो दिल्ली, वाराणसी, अमृतसर, हावड़ा कई सारे अन्य स्टेशन से जुड़ा हुआ है ।
बस से (How to Reach Haridwar by Bus)
उत्तराखंड एक पहाड़ी राज्य होने की वजह से यहा पर रेलवे-स्टेशन की संख्या बहुत कम है जिसकी वजह से उत्तराखंड के अधिकर जगहों पर सिर्फ सड़क मार्ग द्वारा ही पहुंच पाना सम्भव है। हरिद्वार जाने के लिए दिल्ली से बहुत सारे रोड वेज के साथ साथ प्राइवेट बसों की सुविधा उपलब्ध है आप अपने शहर से दिल्ली पहुंच कर वहां से बस के माध्यम से हरिद्वार की यात्रा कर सकते हैं ।
